गर्लफ्रेंड के लिए पाकिस्तानी जासूस बना युवक, चल रहा था हनी ट्रैप का बड़ा खेल...
Bihar Honey Trap Case : सीआईडी क्राइम ने बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के रहने वाले एक पाकिस्तानी जासूस को भरूच से गिरफ्तार किया है. वहीं आर्मी इंटेलिजेंस से मिली जानकारी के आधार पर अब गुजरात पुलिस की टीम,
Bihar Honey Trap Case : सीआईडी क्राइम ने बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के रहने वाले एक पाकिस्तानी जासूस को भरूच से गिरफ्तार किया है. वहीं आर्मी इंटेलिजेंस से मिली जानकारी के आधार पर अब गुजरात पुलिस की टीम, सीआईडी क्राइम और मुजफ्फरपुर पुलिस के साथ जिले में छापेमारी करने पहुंची है. बिहार के मुजफ्फरपुर जिले बड़ी खबर सामने आ रही है,
जहां एक युवक अपनी गर्लफ्रेंड के लिए पाकिस्तानी जासूस बन गया. जानकारी के अनुसार पाकिस्तानी आईएसआई (ISI) एजेंट ने सोशल मीडिया के जरिए युवक को हनी ट्रैप में फंसाया और उसके जरिए भारत की गुप्त सूचनाएं पाकिस्तान भेजी गईं. सीआईडी क्राइम ने बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के रहने वाले एक पाकिस्तानी जासूस को भरूच से गिरफ्तार किया है. वहीं आर्मी इंटेलिजेंस से मिली जानकारी के आधार पर अब गुजरात पुलिस की टीम, सीआईडी क्राइम और मुजफ्फरपुर पुलिस जिले में छापेमारी कर रही है.
आर्मी इंटेलिजेंस की एमआई उदमपुर यूनिट को पाकिस्तानी जासूसों के बारे में मिले इनपुट पर सीआईडी क्राइम ने भरूच से प्रवीण मिश्रा नाम के युवक को गिरफ्तार किया. सीआइडी क्राइम के एडीजीपी राजकुमार पांडियन के अनुसार ये आरोपी भारत से पाकिस्तान में आईएसआईएस एजेंटों को खुफिया जानकारी भेज रहा था, जिसके आधार पर सीआईडी क्राइम ने प्रवीण मिश्रा को गिरफ्तार किया गिरफ्तार कर लिया गया है और उसका मोबाइल फोन जब्त कर लिया गया है. इस मोबाइल फोन में पाकिस्तान खुफिया एजेंसी के गुर्गों के साथ व्हाट्सएप चैट और ऑडियो कॉल समेत बेहद संवेदनशील जानकारी मिली है.
गर्लफ्रेंड को इंप्रेस करने के लिए बना था जासूस
सीआइडी क्राइम के अनुसार गिरफ्तार जासूस प्रवीण मिश्रा से पूछताछ में पता चला कि वह सोशल मीडिया पर अपनी गर्लफ्रेंड को इंप्रेस करने के लिए जासूस बना था. जांच में पता चला कि पाकिस्तान खुफिया एजेंट ने फेसबुक पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर उसे हनीट्रैप में फंसाया था. आईएसआई एजेंट सोनल गर्ग ने प्रवीण मिश्रा का नाम लिया था. इनके बीच मैसेजिंग के जरिए दोस्ती हुई थी. उसके बाद हुआ व्हाट्सएप नंबर का आदान-प्रदान हुआ था. गौरतलब है कि प्रवीण मूल रूप से बिहार के मुजफ्फरपुर का रहने वाला है. वह गुजरात के अंकलेश्वर जीआईडीसी में इंजीनियर के पद पर कार्यरत था.
सोशल मीडिया के जरिए प्रवीण को बनाया निशाना
जानकारी के अनुसार आरोपी प्रवीण मिश्रा का भाई भी सेना में कार्यरत है. इसलिए सोशल मीडिया के जरिए प्रवीण को निशाना बनाया जाता था. वे मैलवेयर वायरस से फोन हैक कर सारी जानकारी हासिल कर लेते थे. हालांकि, सीआईडी क्राइम को बिहार से एक और पाकिस्तानी जासूस की जानकारी मिली है, जिसे पकड़ने के लिए एक गुजरात पुलिस की टीम बिहार पहुंची है. खुलासा हुआ है कि 20 से ज्यादा लोग पाकिस्तानी आईएसआई के हनीट्रैप का शिकार हो चुके हैं.
ISI हैंडलर ने की थी मैलवेयर इंस्टॉल करने की कोशिश
सीआईडी क्राइम के अनुसार हनी-ट्रैपर्स देश के रक्षा प्रतिष्ठानों में काम करने वाले या उनसे जुड़े लोगों को निशाना बनाते हैं. प्रवीण मिश्रा ने हैदराबाद में एक संगठन में काम किया था, जिसके बदले में उसे DRDO के साथ काम करने का मौका मिला. प्रवीण मिश्रा ने कुछ महत्वपूर्ण जानकारी साझा की हैं. उनके अलावा, रक्षा प्रतिष्ठानों के लिए काम करने वाले कई अन्य लोगों को भी निशाना बनाया गया है. प्रवीण मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया गया है. आरोपी ने DRDO द्वारा निर्मित ड्रोनों से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां साझा की थीं. ISI हैंडलर ने प्रवीण मिश्रा के कार्यालय सर्वर पर भी मैलवेयर इंस्टॉल करने की कोशिश की थी. मामले में आगे की जांच जारी है.(एजेंसी)



