डाटा एंट्री जॉब का झांसा देकर 39.33 लाख की ठगी, दुर्ग पुलिस ने दो आरोपियों को किया गिरफ्तार, बैंक खातों और मोबाइल नंबरों से मिला सुराग
Rs 39.33 lakh swindled under the pretext of a data entry job; Durg police arrest two accused; leads uncovered through bank accounts and mobile numbers.
दुर्ग : छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में डाटा एंट्री का काम दिलाने और डाटा रिकवर करने के नाम पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है. भिलाई के नेहरू नगर निवासी एक व्यक्ति से ऑनलाइन संपर्क कर डाटा एंट्री का काम देने का झांसा दिया गया. इसके बाद डाटा खराब होने और उसे ठीक करने के लिए सॉफ्टवेयर टूल्स खरीदने के नाम पर अलग-अलग बैंक खातों में रकम जमा कराई गई. इस तरह पीड़ित से कुल 39 लाख 33 हजार 560 रुपये की कथित धोखाधड़ी की गई. शिकायत मिलने के बाद दुर्ग पुलिस ने तकनीकी सबूतों के आधार पर जांच करते हुए उत्तराखंड के हल्द्वानी से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल दो मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं.
डाटा एंट्री का काम दिलाने के नाम पर किया संपर्क
मिली जानकारी के मुताबिक नेहरु नगर भिलाई निवासी राजेश कुमार चौरसिया उम्र 57 साल ने थाना सुपेला की चौकी स्मृतिनगर में लिखित शिकायत दर्ज कराई कि अक्टूबर 2025 में इंडिया मार्ट के जरिए मोबाइल नंबर पर संपर्क किया गया था. इस दौरान नोएडा स्थित ग्रीन रेस प्राइवेट लिमिटेड कंपनी में डाटा एंट्री का काम दिलाने की बात कही गई. इसके बाद कंपनी के साथ एग्रीमेंट कर मेडिकल, स्टील कारोबार, कंस्ट्रक्शन और इंपोर्ट-एक्सपोर्ट से संबंधित डाटा एंट्री का काम शुरु कराया गया. शुरुआत में पीड़ित को काम उपलब्ध कराया गया. लेकिन इसके बाद डाटा खराब होने की बात कहकर अतिरिक्त रकम जमा कराने का सिलसिला शुरू हो गया.
डाटा करप्ट होने की बात कहकर मांगे लाखों रुपये
प्रार्थी के मुताबिक काम के दौरान उसे बताया गया कि डाटा करप्ट हो गया है और इसे दोबारा रिकवर करने के लिए विशेष सॉफ्टवेयर टूल्स खरीदने होंगे. इसके नाम पर अलग-अलग बैंक खातों में रकम जमा कराने को कहा गया. आरोप है कि डाटा रिकवरी और पेमेंट रिलीज कराने के बहाने लगातार भुगतान लिया गया. इस तरह पीड़ित के आईडीएफसी बैंक खाते से कुल 39 लाख 33 हजार 560 रुपये अलग-अलग बैंक खातों में जमा कराए गए. जब पीड़ित को धोखाधड़ी का अहसास हुआ. तब उसने पुलिस से शिकायत की. शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामले की जांच शुरु की.
सुपेला पुलिस ने दर्ज किया धोखाधड़ी का मामला
पीड़ित राजेश कुमार चौरसिया की शिकायत पर थाना सुपेला की चौकी स्मृतिनगर में अपराध क्रमांक 935/2026 दर्ज किया गया. पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की. जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों से जुड़े बैंक खातों और मोबाइल नंबरों की तकनीकी जानकारी जुटाई. इसके आधार पर संदिग्धों की लोकेशन का पता लगाने का प्रयास किया गया. तकनीकी जांच में आरोपियों की लोकेशन उत्तराखंड के नैनीताल जिले के हल्द्वानी में मिलने के बाद पुलिस टीम को वहां रवाना किया गया.
हल्द्वानी से दो आरोपी गिरफ्तार
पुलिस टीम ने हल्द्वानी पहुंचकर संदिग्धों की तलाश शुरू की. तकनीकी जानकारी और मिले सबूतों के आधार पर दो लोगों को हिरासत में लिया गया. पूछताछ और जांच के बाद पुलिस ने राम निवास उम्र 42 साल और राहुल बिष्ट उम्र 23 साल को गिरफ्तार किया. राम निवास मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के ग्राम मजहुवा गंगापुर का निवासी है. वर्तमान में वह हल्द्वानी के कमलुआगांजा इलाके में रह रहा था. वहीं, दूसरा आरोपी राहुल बिष्ट हल्द्वानी की सर्वोदय कॉलोनी, हिम्मतपुर तल्ला का निवासी है. पुलिस ने दोनों आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल किए गए दो मोबाइल फोन जब्त किए हैं.
बैंक खातों और मोबाइल नंबरों से मिला सुराग
इस मामले में आरोपियों तक पहुंचने के लिए पुलिस ने बैंक लेनदेन और मोबाइल नंबरों से जुड़ी तकनीकी जानकारी का सहारा लिया. जांच में मिली जानकारी के आधार पर आरोपियों की लोकेशन का पता चला. इसके बाद थाना सुपेला और चौकी स्मृतिनगर पुलिस की टीम ने उत्तराखंड पहुंचकर गिरफ्तारी की कार्रवाई की. गिरफ्तार दोनों आरोपियों को अदालत के सामने पेश किया गया है. इस मामले में आरोपियों की भूमिका और अन्य तथ्यों की जांच अभी जारी है.
ऑनलाइन डाटा एंट्री के नाम पर ठगी का तरीका
पहले डाटा एंट्री का काम उपलब्ध कराने के नाम पर संपर्क किया गया. इसके बाद काम शुरू कराकर डाटा खराब होने की बात कही गई. डाटा रिकवर कराने, सॉफ्टवेयर खरीदने और भुगतान जारी कराने के नाम पर बार-बार रकम जमा कराई गई. पुलिस अब पूरे मामले में बैंक खातों और अन्य तकनीकी सबूतों की जांच कर रही है. साथ ही यह पता लगाया जा रहा है कि कथित धोखाधड़ी में दोनों गिरफ्तार आरोपियों की क्या भूमिका रही और क्या इस मामले में अन्य व्यक्ति भी शामिल हैं.
आरोपी
1. राम निवास उम्र 42 साल निवासी ग्राम मजहुवा गंगापुर, जिला बरेली, उत्तर प्रदेश
वर्तमान पता: त्रिमूर्ति मंदिर चौक के पास, कमलुआगांजा, थाना मुखानी, हल्द्वानी, जिला नैनीताल, उत्तराखंड
2. राहुल बिष्ट उम्र 23 साल निवासी सर्वोदय कॉलोनी, फेस-03, हिम्मतपुर तल्ला, भगवानपुर, हल्द्वानी, थाना मुखानी, जिला नैनीताल, उत्तराखंड
ताजा खबर के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/LEzQMc7v4AU8DYccDDrQlb
ताजा खबर के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/LEzQMc7v4AU8DYccDDrQlb



